🕒 24 May 2026, Sunday
तकनीकी

साइबर ठगी से बचने का नया हथियार: गृह मंत्रालय ने लॉन्च किया 'TELL 14C' व्हाट्सएप चैटबॉट

By भूपेन्द्र सिंह सोनवाल 🕒 13 May 2026 👁️ 21 Views ⏳ 1 Min Read
साइबर ठगी से बचने का नया हथियार: गृह मंत्रालय ने लॉन्च किया 'TELL 14C' व्हाट्सएप चैटबॉट

भारत सरकार के गृह मंत्रालय ने डिजिटल इंडिया को सुरक्षित बनाने के लिए एक क्रांतिकारी कदम उठाया है। अब आम नागरिक संदिग्ध साइबर गतिविधियों की रिपोर्ट सीधे अपने व्हाट्सएप से कर सकेंगे। इसके लिए “TELL 14C चैटबॉट” (9319301930) को लॉन्च किया गया है।

अतिरिक्त महानिदेशक पुलिस (साइबर क्राइम) राजस्थान, श्री वीके सिंह ने बताया कि अक्सर लोग साइबर ठगी के प्रयास से बच तो जाते हैं, लेकिन उसकी सूचना पुलिस को नहीं देते। यह चैटबॉट इसी कमी को दूर करेगा।

TELL 14C चैटबॉट की मुख्य विशेषताएं

  • लक्ष्य: ठगी का शिकार होने से पहले ही अपराधियों के नेटवर्क को ध्वस्त करना।

  • व्हाट्सएप नंबर: 9319301930 (इस नंबर को सेव कर तुरंत रिपोर्टिंग शुरू की जा सकती है)।

  • क्या रिपोर्ट करें: फर्जी कॉल, संदिग्ध लिंक, स्क्रीनशॉट, संदिग्ध सोशल मीडिया अकाउंट या चैट।

  • उपयोगिता: यह उन लोगों के लिए है जिनके साथ ठगी का प्रयास हुआ, लेकिन कोई आर्थिक नुकसान नहीं हुआ।

उपयोग करने की चरणबद्ध प्रक्रिया (Step-by-Step Guide)

1.चैट शुरू करें:नंबर सेव करें.

अपने व्हाट्सएप में 9319301930 नंबर पर 'Hi' लिखकर भेजें।

2.भाषा और विवरण:विवरण भरें.

अपनी पसंदीदा भाषा चुनें और 'साइबर दोस्त' पेज पर अपना नाम, पिनकोड, राज्य और घटना की तारीख दर्ज करें।

3.साक्ष्य अपलोड करें:मीडिया शेयरिंग.

संदिग्ध वेबसाइट का यूआरएल (URL), यूपीआई आईडी (UPI ID), ईमेल या घटना से संबंधित स्क्रीनशॉट अपलोड करें।

4.सबमिट करें:अंतिम प्रक्रिया.

सारांश पेज पर अपनी दी गई जानकारी की जांच करें और सबमिट बटन दबाएं। आपकी शिकायत सीधे 14C पोर्टल पर दर्ज हो जाएगी।

जरूरी जानकारी: यदि आर्थिक नुकसान हो चुका है?

एडीजी श्री वीके सिंह ने स्पष्ट किया कि TELL 14C केवल संदिग्ध गतिविधियों की सूचना देने के लिए है। यदि आपके साथ वित्तीय धोखाधड़ी (Financial Fraud) हो चुकी है, तो इन माध्यमों का उपयोग करें:

सेवा संपर्क माध्यम
राष्ट्रीय पोर्टल [suspicious link removed]
हेल्पलाइन नंबर 1930
साइबर हेल्पडेस्क 9256001930 और 9257510100

एडीजी का संदेश: "सिर्फ बचना ही काफी नहीं, जानकारी देना भी जरूरी है।" अपराधियों की जानकारी साझा करने से तकनीकी एजेंसियां उनके खातों और मोबाइल नंबरों को ब्लॉक कर अन्य लोगों को सुरक्षित रख सकती हैं।

🏷️ Tags: #Cyber Security
Author

भूपेन्द्र सिंह सोनवाल

भूपेन्द्र सिंह सोनवाल एक प्रखर डिजिटल पत्रकार और समाचार मीडिया कंपनी 'मिशन की आवाज' के संस्थापक हैं। वे मुख्य रूप से राजस्थान और देश के अन्य हिस्सों से सामाजिक न्याय, मानवाधिकार, और नीतिगत मामलों पर तीखी और निष्पक्ष रिपोर्टिंग करते हैं। आंकड़ों की तह तक जाना और जमीनी सच को बेबाकी से पेश करना उनकी विशेषता है। तथ्य-आधारित और स्वतंत्र पत्रकारिता के जरिए वे समाज के हर वर्ग तक सही सूचना पहुँचाने के लिए प्रतिबद्ध हैं।

Comments (0)

Leave a Reply