राजस्थान

जाट समाज की आरक्षण के लिए नई पहल: 11 जून को कुम्हेर में महापंचायत, भरतपुर-धौलपुर-डीग के लिए OBC दर्जे की मांग

By भूपेन्द्र सिंह सोनवाल 🕒 07 Jun 2025 👁️ 43 Views ⏳ 1 Min Read
जाट समाज की आरक्षण के लिए नई पहल: 11 जून को कुम्हेर में महापंचायत, भरतपुर-धौलपुर-डीग के लिए OBC दर्जे की मांग

राजस्थान में जाट समाज ने एक बार फिर OBC आरक्षण की मांग को लेकर आंदोलन की राह पकड़ ली है। भरतपुर-धौलपुर-डीग जाट आरक्षण संघर्ष समिति ने 11 जून को डीग जिले के कुम्हेर में महापंचायत आयोजित करने की घोषणा की है। इस निर्णय को लेकर समिति ने जयचौली में बैठक की, जिसमें महापंचायत की रूपरेखा तय की गई।

क्या है मामला?

जाट समाज के अनुसार राजस्थान के अधिकांश जिलों में उन्हें केंद्र सरकार की ओर से OBC आरक्षण का लाभ मिल रहा है, लेकिन भरतपुर, धौलपुर और डीग जिलों के जाट समाज को इससे वंचित रखा गया है। इस भेदभाव को खत्म करने की मांग को लेकर समाज लंबे समय से प्रयासरत है।

2024 में भी हुआ था आंदोलन

जाट आरक्षण संघर्ष समिति के संयोजक नेम सिंह फौजदार ने बताया कि 2024 में भी इसी मांग को लेकर आंदोलन किया गया था, लेकिन लोकसभा चुनावों को ध्यान में रखते हुए समिति ने आंदोलन को स्थगित कर दिया था। उन्होंने दावा किया कि जाट समाज के विरोध के कारण ही बीजेपी को भरतपुर, धौलपुर और करौली लोकसभा सीटें गंवानी पड़ी थीं।

राजनीतिक वादों पर नाराज़गी

समिति का कहना है कि चुनावों से पहले नेताओं ने OBC आरक्षण को लेकर कई वादे किए थे, लेकिन सत्ता में आने के बाद वे अब चुप्पी साधे हुए हैं। इस कारण समाज को पुनः आंदोलन की ओर अग्रसर होना पड़ रहा है।

गुर्जर समाज के साथ एकजुटता

नेम सिंह फौजदार ने यह भी स्पष्ट किया कि जाट समाज OBC आरक्षण के मुद्दे पर गुर्जर समाज के साथ खड़ा है। उन्होंने बताया कि यदि जरूरत पड़ी तो महापंचायत के बाद पंचायतें कर और पीले चावल बांटकर गांव-गांव में समर्थन जुटाया जाएगा। महापंचायत के बाद आंदोलन की दिशा तय की जाएगी।

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भूपेन्द्र सिंह सोनवाल

भूपेन्द्र सिंह सोनवाल एक प्रखर डिजिटल पत्रकार और समाचार मीडिया कंपनी 'मिशन की आवाज' के संस्थापक हैं। वे मुख्य रूप से राजस्थान और देश के अन्य हिस्सों से सामाजिक न्याय, मानवाधिकार, और नीतिगत मामलों पर तीखी और निष्पक्ष रिपोर्टिंग करते हैं। आंकड़ों की तह तक जाना और जमीनी सच को बेबाकी से पेश करना उनकी विशेषता है। तथ्य-आधारित और स्वतंत्र पत्रकारिता के जरिए वे समाज के हर वर्ग तक सही सूचना पहुँचाने के लिए प्रतिबद्ध हैं।

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